दो ठेकेदारों में फसा पेंच समिति बना मोहरा, बतरा बांध में अवैध मछली की तस्करी विभाग को पहुच रहा समय पर मोटा रक

0
Spread the love


सूरजपुर- न्यूज़29….. भैयाथान विकासखण्ड के बतरा बांध में मछली पकड़ने का अवैध धंधा काफी समय से चल रहा है।
यहां से हर दिन बिस हजार रुपए कीमत की मछलियां चोरी हो रही हैं।
ठेकेदार इन दिनों व्यापक पैमाने पर अवैध रूप से शिकार करने में जुटा हुआ हैं।
जिसमें विभागीय कर्मचारियों पर ठेकेदार से मोटी रकम लेकर शिकार करने के आरोप लग रहे हैं। अवैध व्यापार का यह मामला न केवल मछली ठेकेदार से जुड़ा है।
इसके साथ ही यह पर्यावरण, शाश्वत विकास, जैवविविधता, आर्थिक समृद्धि, पोषण, खाद्य सुरक्षा से जुड़ा मुद्दा भी है।

दरअसल मत्स्य विभाग ने समिति को मछली मारने का ठेका दे दिया गया था। लेकिन जारी अवधि समाप्त हो जाने के बावजूद भी दो ठेकेदारों के बीच में पेच फंसा हुआ है , और एक ठेकेदार की दाल नहीं कर रही है और एक नामचीन ठेकेदार समिति के कर्ज में है।
अब अवधि समाप्त होने के बाद भी धड़ल्ले से मछलियों का शिकार किया जा रहा है, सूचना पटल नहीं लगने से लोग जारी दिनांक का भी नहीं अंदाजा लगा पा रहे हैं। छोटी मछलियों का शिकार किया जा रहा है वही ठेकेदार इन दिनों बाहर में दिन-रात मछली का शिकार कर मोटा मुनाफा कमाने में लगा हुआ है।
यही ठेकेदार बताते हुए पिछले एक साल से मछलियों को पकड़ रहा था। यही वजह है कि यह काम तेजी से पैर पसार रहा है।
बढ़ती कीमतों के चलते बड़े पैमाने पर इन मछलियों का अवैध व्यापार भी फल-फूल रहा है।

मछलियों का बढ़ता यह अवैध व्यापार न केवल अपराध को बढ़ावा दे रहा है साथ ही यह पर्यावरण के लिए भी बड़ा खतरा है।

ग्रामीणों ने एकत्रित होकर बांध पर मछली ठेकेदार मछली को लेकर चर्चा किया तो उसके कर्मचारियों ने पत्थरों से हमला बोल दिया। बांध से मछलियों का अवैध रूप से शिकार करते थे, और एक नामचीन व्यक्ति सक्रिय है जबकि मछली मारने का ठेका समिति ने एक ठेकेदार को दे दिया था लेकिन दो ठेकेदार का नाम सामने आने से दोनों के बीच काफी गहमागहमी की स्थिति बनी रहती है और मजे की बात यह है की मछली कि ठेका अवधि कब की समाप्त हो चुकी है।
लेकिन दोनों ठेकेदार नुकसान में है बीज का पैसा बकाया है जिसके कारण अवैध रूप से मछली का शिकार कर रहे हैं।

अधिकारियों के इशारे पर किया जा रहा है शिकार…

बताते चलें कि बतरा बांध में जनप्रतिनिधियों, स्थानीय आसपास गांव के ग्रामीणों के लिए अलग-अलग रेट सूची है। सूत्रों की मानें, तो होने वाली अवैध शिकार अधिकारियों के इशारे पर की जा रही है।
शिकारियों को शिकार से पहले ही धन दे दिया जाता है।
ठेकेदार मत्स्य विभाग के अड्डी तक जाते है, जहां भांति उनकी खातिरी की जाती है और मोटी रकम भी दी जाती है।

हिंदुओं का आस्था का केंद्र से जुड़ा हुआ है बांध

बतरा बांध हिंदुओं की आस्था का केंद्र है। यहा पूजा पाठ की जाती है। बरसों से सनातन धर्मी अपने सारे त्योहार मनाते हैं। कई सालों से गणेश प्रतिमा विसर्जन, दुर्गा विसर्जन, विश्वकर्मा विसर्जन, जन्माष्टमी विसर्जन, जलविहार, मोहर छठ विसर्जन, भुजरिया विसर्जन, जगदीश स्वामी आदि कई उत्सव इस तालाब के किनारे मनाए जाते हैं।
प्राचीन समय में हैंडपंप बोर नहीं होते थे। तब लोग नहाने, कपड़े, धोने व पीने के लिए भी उपयोग करते थे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

slot depo 10k
slot qris
slot spadegaming
slot pg soft
habanero slot
cq9 slot
slot garansi kekalahan bebas ip

https://anakgawang.net/

spaceman